सर्दियों की धूप टॉनिक से कम नहीं, सूरज की रोशनी से नुकसान भी हो सकते हैं

सर्दियों के दौरान धूप किसी वरदान से कम नहीं लगती

सर्दियों

 

सर्दियों की मौसम में धूप आपको नरम-नरम गर्मी का अहसास देती है।सर्दियों की गुनगुनी धूप भला किसे पसंद नहीं होती।गर्मियों के मौसम के दौरान जहां सूरज की रोशनी हमें परेशान करती है वहीं सर्दियों के दौरान किसी वरदान से कम नहीं लगती। सर्दियों में धूप से न केवल आपके शरीर को गर्मी मिलती हैबल्कि इसके वजह से विटामिन डी की पूर्ति भी होती है। आपको बता दें कि विटामिन डी हम सभी के शरीर के लिए बहुत महत्वपूर्ण होती है।शाम के समय अगर आप धूप की रोशनी से विटामिन डी प्राप्त करना चाहते हैं तो आप सूरज डूबने के समय यह हासिल कर सकते हैं।

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सर्दियों की धूप टॉनिक से कम नहीं

सर्दियों की धूप मेंटल और फिजिकल हेल्थ के लिए किसी टॉनिक से कम नहीं।लेकिन इस ‘टॉनिक’ का ज्यादा इस्तेमाल आपको खतरे में भी डाल सकता है।डॉक्टर्स के मुताबिक एक हेल्दी इंसान का दिन में 30 से 50 मिनट तक धूप में बैठाना फायदेमंद है।यह इस पर भी निर्भर करता है कि धूप कितनी तेज है और मौसम कैसा हैधूप की तेजी के मुताबिक इस समय को कम या ज्यादा किया जा सकता है जब स्किन सीधे धूप के संपर्क में आती है तो बैक्टीरिया और फंगस खत्म होने लगते हैं।बरसात के मौसम में फंगल और बैक्टीरियल इन्फेक्शन काफी बढ़ जाता है।

नींद की क्वालिटी को बढ़ाना चाहते हैं तो रोज धूप सेंकना शुरू करे

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सर्दियों में धूप के सहारे इससे निजात पाई जा सकती है।एक्जिमा, सोरायसिस वाले पेशेंट के लिए धूप सेंकना काफी फायदेमंद हो सकता है।धूप में बैठने से मेलाटोनिन नाम का हार्मोन रिलीज होता है।जो मेंटल स्ट्रेस को दूर कर नींद की क्वालिटी ठीक करती है।अगर आपको नींद नहीं आ रही या आप अपने नींद की क्वालिटी को बढ़ाना चाहते हैं तो रोज धूप सेंकना शुरू कर दीजिए।दिन में 50 मिनट से ज्यादा धूप में बैठने से एजिंग यानी झुर्रियों की समस्या हो सकती है।कई बार लोग घंटों धूप में बैठना शुरू कर देते हैं।

नंगे बदन धूप में बैठने से टैनिंग होती है

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इससे गरमाहट तो मिलती है लेकिन ये आदत स्किन के लिए खतरनाक साबित हो सकती है इसके अलावा नंगे बदन धूप में बैठने से टैनिंग होती है। यूरोपीय मूल के लोग इसे अच्छा मानते हैं। लेकिन इंडिया में इसे ठीक नहीं समझा जाता। धूप की किरणों में कई बार कैंसर का भी कारण बनती हैं।अगर ठंड के कुछ महीने आप लगातार धूप सेंक लें तो यह आपको साल भर बीमारियों से लड़ने की शक्ति देगी। धूप इम्यूनिटी और मेटाबॉलिज्म को बेहतर करती है। कुल मिलाकर कहें तो सूरज उगने के आधे घंटे और सूरज डूबने के आधे घंटे पहले तक आपको अच्छी मात्रा में विटामिन डी मिल जाएगा और यह समय धूप सेकने का सबसे अच्छा है।

सूरज की रोशनी से हमें यूवीए मिलता है

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अगर आपके घर में कोई नवजात बच्चा पैदा हुआ है तो सर्दियों के मौसम में उसे केवल 20 से 25 मिनट की धूप ही सिकाए.अगर आप सुबह के समय सूरज की रोशनी के जरिए विटामिन डी लेना चाहते हैं तो आप सुबह 8 बजे से पहले 25 से 30 मिनट के लिए ले सकते हैं। इस समय में आपको विटामिन डी अच्छी तरह मिल जाएगी।सूरज की रोशनी से हमें यूवीए मिलता है जो हमारे ब्लड फ्लो को बेहतर करता है। इसके अलावा ब्लड ग्लूकोज लेवल को और रेस्पिरेटरी रेट को भी सुधारता है।अगर आपको गहरी नींद नहीं आती तो भी आपको सूरज की रोशनी में रहने से फायदा होता है।

सूरज की रोशनी से नुकसान भी हो सकते हैं

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आपको बता दें कि सूरज की रोशनी से प्राप्त मेलाटोनिन नाम का हार्मोन मिलता है,सूरज की रोशनी से आपको क्या फायदे हो सकते हैं यह आपने जान लिए हैं।लेकिन ध्यान रहे कि आप ज्यादा समय के लिए भी सूरज की रोशनी में ही ना खड़े रहें। ऐसा करने से कुछ नुकसान भी हो सकते हैं।डिस्क्लेमर: यह लेख केवल सामान्य जानकारी के लिए है। यह किसी भी तरह से किसी दवा या इलाज का विकल्प नहीं हो सकता। ज्यादा जानकारी के लिए हमेशा अपने डॉक्टर से संपर्क करें।

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