
नोएडा में ड्रग्स तस्करी में SSB जवान संग 4 अरेस्ट
नोएडा में ड्रग्स तस्करी में SSB जवान संग 4 अरेस्ट

नोएडा में ड्रग्स तस्करी में जवान मेडिकल लीव पर था, 25 लाख का माल बरामदपुलिस ने 600 ग्राम ड्रग्स के साथ सशस्त्र सीमा बल (SSB) के सिपाही और कॉलेज के लैब असिस्टेंट समेत चार लोगों को सोमवार को अरेस्ट किया है। बरामद ड्रग्स की अनुमानित कीमत 25 लाख रुपये है। पुलिस की जांच में सामने आया है कि ये लोग नॉलेज पार्क में स्टूडेंट्स और अपने गांव के लोगो को ड्रग्स सप्लाई करते थे। नॉलेज पार्क थाना प्रभारी ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी ग्रेटर नोएडा के एसएसबी जवान रोहित कुमार (खुशेंदपुरा), नकुल (वीरपुरा), कृष्ण (खुशेंदपुरा) और लवकुश तेवतिया (खुर्शेदपुरा) है। इन्हें गुर्जरपुर रेलवे अंडरपास की ओर जाने वाले कच्चे रास्ते से अरेस्ट किया गया है। पुलिस के अनुसार, चारों आरोपी इलाके मैं ड्रग्स की विक्री में सक्रिय थे और लंबे समय से इनकी गतिविधियों पर नजर रखी जा रही थी।
ग्रेटर नोएडा बना सेफ जोन

तस्करो के लिए ग्रेटर नोएडा बना सेफ जोन: ग्रेनों के अलग-अलग सेक्टरों में अब तक पांच ड्रग्स फैक्ट्री पकड़ी जा चुकी है। इनमें अफ्रीकी मूल के 60 से अधिक नागरिकों को पुलिस गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है। इसके बावजूद शहर में विदेशी नागरिक यहां के लोगों के साथ मिलकर ड्रग्स फैक्ट्री शुरू कर लेते है।
पुलिस की मिलीभगत आ चुकी है सामनेः ग्रेनों के बीटा-2 और सूरजपुर कोतवाली क्षेत्र में करीब 4 साल तक चली ड्रग्स फैक्ट्री में पुलिस की मिलीभगत और लापरवाही सामने आई है। इस मामले में
दोनों कोतवाली क्षेत्र में 2019 से 2023 तक तैनात रहे 18 पुलिसकर्मियों की जांच की गई। एडीसीपी नोएडा ने जांच रिपोर्ट पुलिस कमिश्नर को सौप दी, लेकिन आज तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। यह भी पढ़ें: चेहरे के मल्टी-मास्किंग से हर ज़ोन को मिले सही देखभाल और ग्लो
रोहित सशस्त्र सीमा बल का जवान गिरफ्तार

नॉलेज पार्क थाना पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों में रोहित सशस्त्र सीमा बल का जवान है। वह मेडिकल लीव पर घर आया फिर वापस ड्यूटी जॉइन नहीं की। थाना प्रभारी ने बताया कि उसकी पोस्टिंग पठानकोट के पास बॉर्डर पर रही है। आशंका है कि वह वहां से ड्रग्स लेकर आया है। एक आरोपी नॉलेज पार्क के कॉलेज में लैब असिस्टेट है। पुलिस अब सशस्त्र सीमा बल के जवान की रिपोर्ट उसके
मुख्यालय भी भेजेगी। ग्रेटर नोएडा मे अब तक डूम्मत तस्करी में विदेशी और दूसरे राज्य के लोग अरेस्ट होते रहे है। अब स्थानीय लोग भी इस तस्करी में गिरफ्तार होने लगे है। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि जूम्स तस्करो का नेटवर्क स्थानीय स्तर पर भी हो गया है। गिरफ्तार किए गए सभी आरोपी जारचा एरिया के है। अब जाच का विषय यह है कि कॉलेज के कितने स्टूडेट्स को इम्स सप्लाई की होगी।



