
105 टिनों में रखा 1,625 किलो नकली देसी घी किया बरामद

नकली घी अपराध शाखा ने त्योहारों की मिठास में जहर घोलने की साजिश को नाकाम करते हुए करावल नगर, शिव विहार और पुरानी मुस्तफाबाद में तीन Fake घी बनाने वाली फैक्ट्रियों का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने तीनों जगहों से कुल 105 लोहे के टिनों में रखा 1,625 किलो Fake घी बरामद किया। इस दौरान पुलिस ने छह लोगों को गिरफ्तार कर लिया अपराध शाखा के पुलिस । उपायुक्त विक्रम सिंह ने बताया कि इन फैक्टरियों में दशहरे व दिवाली पर बढ़ती मांग का फायदा उठाकर वनस्पति तेल और घटिया रिफाइंड ऑयल में खतरनाक केमिकल, रंग और फ्लेवर मिलाकर देसी घी तैयार कर रहे थे। आरोपी इसे नामी ब्रांड के डिब्बे में पैक कर बाजार में 3,500 से 4,000 रुपये प्रति टिन बेचने की फिराक में थे जबकि इसकी लागत करीब 1,300-1,400 रुपये आती थी। पुलिस उपायुक्त ने बताया कि त्योहारों से ठीक पहले बाजार में मिलावटी खाद्य पदार्थों की पहले भी मिलावटी घी के कारोबार में शामिल रहा पुलिस जांच में सामने आया कि यूसुफ मलिक पहले भी मिलावटी घी के कारोबार में पकड़ा जा चुका है। कुछ साल पहले उसे सराय रोहिल्ला इलाके में इसी तरह के मामले में गिरफ्तार किया गया था। जेल से छूटने के बाद उसने बेटे महबूब के साथ दोबारा यह धंधा शुरू कर दिया। गाजियाबाद के शाकिर और शाहरुख तैयार Fake घी को दुकानों व डेयरियों तक सप्लाई करते थे। >>>Visit: Samadhanvani
फैक्टरियों से बरामद Fake घी यहां सप्लाई करना था बरामद नकली घी

पुलिस उपायुक्त ने बताया कि इन फैक्ट्रियों से तैयार Fake घी की सप्लाई पटेल नगर, रूपनगर, सिविल लाइन, सरोजिनी नगर, पीतमपुरा समेत कई रिहायशी व कारोबारी इलाकों में की जाती थी। पुलिस उपायुक्त ने कहा कि अगर यह घी बाजार में पहुंच जाता तो हजारों लोगों की सेहत खतरे में पड़ सकती थी बाद टीम ने शिव विहार फेज-7 से यूसुफ मलिक (50), उसका बेटा महबूब (22) और गाजियाबाद के शाकिर व शाहरुख को पकड़ा। यहां से 440 किलो Fakeघी, गैस सिलेंडर, चूल्हे, पैकिंग मशीन और बड़ी मात्रा में केमिकल मिले। तीसरी कार्रवाई पुरानी मुस्तफाबाद में हुई, जहां से जमालुद्दीन (40) को गिरफ्तार कर 665 किलो Fake घी और उत्पादन में इस्तेमाल होने वाले रसायन जब्त किए गए।



