
ट्रंप के सभी दावे झूठे, उनका मकसद सिर्फ तेल पर कब्जा करना : डेल्सी

ट्रंप ने कहा वेनेजुएला की कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज ने अमेरिका की ओर से लगाए गए नशीली दवाओं की तस्करी, लोकतंत्र और मानवाधिकार उल्लंघन के आरोपों की आलोचना की और उन्हें झूठा करार दिया। उन्होंने कहा कि ट्रंप के सभी दावे झूठे हैं। अमेरिका का असली मकसद देश के तेल संसाधनों पर कब्जा करना है। देश की संसद को संबोधित करते हुए रोड्रिगेज ने कहा कि उनका देश ऊर्जा क्षेत्र में ऐसे संबंधों के लिए खुला है, जिनमें सभी पक्षों को लाभ हो और आर्थिक सहयोग को व्यावसायिक समझौतों में स्पष्ट परिभाषित किया गया हो। उन्होंने रूस और चीन के साथ ऊर्जा साझेदारी के लिए भी इच्छा जताई। उनका यह बयान तब आया है, जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि अमेरिका को वेनेजुएला की सरकार से पूरा सहयोग मिल रहा है और वह आने वाले कई वर्षों तक देश और उसके विशाल तेल भंडार पर नियंत्रण रखेगा।>>>Visit: Samadhanvani
अमेरिका के हमले ने दोनों देशों के संबंधों पर दाग लगाकर छोड़ा

रोड्रिगेज ने यह भी कहा कि उनकी सरकार अन्य देशों के साथ ऊर्जा साझेदारों और व्यावसायिक समझौतों के लिए तैयार है। उन्होंने देश के विशाल तेल और गैस भंडार का जिक्र करते हुए कहा कि वेनेजुएला अंतरराष्ट्रीय कानून के दायरे में रहकर काम करने को तैयार है। उन्होंने कहा, हमारा रुख बिल्कुल साफ है। वेनेजुएला ऐसे ऊर्जा संबंधों के लिए खुला है जिनमें सभी को फायदा हो और जहां आर्थिक सहयोग को व्यावसायिक अनुबंधों में स्पष्ट रूप से तय किया जाए। यही हमारे ऊर्जा संबंधों की विविधता पर आधारित नोति है। मादुरो पर हमले से दोनों देशों के संबंधों पर लगा दाग… इससे पहले वेनेजुएला की कार्यवाहक राष्ट्रपति ने अपने देश के तेल बाजार को वॉशिंगटन के लिए खोलने की योजन का बचाव किया था। बुधवार को रोड्रिगेज ने कहा कि उनके पूर्ववर्ती राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को हटाने के लिए अमेरिका के हमले ने दोनों देशों के संबंधों पर दाग लगाकर छोड़ा है, लेकिन अमेरिका के साथ व्यापार करना न तो असामान्य है और न ही गलत। उन्होंने फिर दोहराया कि बेनेजुएला ऐसे ऊर्जा संबंधों के लिए खुला है जिनमें सभी पक्षों को लाभ हो। रोड्रिगेज ने एक संदेश में कहा, हम एक ऊर्जा महाशक्ति हैं, सच में है। हमने हुए तस्करी, लोकतंत्र और मानवाधिकारों को लेकर फैलाए गए सभी झूठों का पर्दाफाश किया है। ये केवल बहाने थे, क्योंकि मकसद तेल संसाधनों पर कब्जा ही है।



