प्रदेश के प्राचीन धरोहर भवनों का कायाकल्प करेगी योगी सरकार

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प्रदेश के प्राचीन धरोहर भवनों का कायाकल्प करेगी योगी सरकार

योगी :प्रदेश के प्राचीन धरोहर भवनों का कायाकल्प करेगी योगी सरकार लखनऊ, 14 अगस्त। उत्तर प्रदेश को हेरिटेज पर्यटन के लिए एक अनुकूल अंतरराष्ट्रीय गंतव्य के रूप में स्थापित करने के लिए योगी सरकार जुटी हुई है।

मुख्यमंत्री के निर्देश पर निजी क्षेत्र के निवेश के माध्यम से विरासत संपत्तियों को मूल गौरव के साथ पुनर्स्थापित करने की दिशा में बड़ी पहल की गई है। इसके जरिए पर्यटन के क्षेत्र में युवाओं के लिए प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रूप से रोजगार के अवसरों का सृजन भी होगा।

साथ ही ग्रामीण पर्यटन, संस्कृति और स्थानीय क्षेत्र के आर्थिक कायाकल्प को भी बढ़ावा मिलेगा। योगी सरकार प्रदेश के 9 महलों और हवेलियों में पर्यटकों के लिए सितारा सुविधा वाले होटल खोलने की तैयारी में है।

योगी :सरकार की ओर से बनाई गई है तीन कैटेगरी

यूपी पर्यटन विभाग की ओर से लखनऊ के छत्तर मंजिल, मीरजापुर का चुनार का किला, झांसी का बरुआ सागर किला, लखनऊ की कोठी गुलिस्ता-ए-इरम, कोठी दर्शन विलास और कोठी रोशन, मथुरा के बरसाना जल महल, कानपुर का शुक्ला तालाब और बिठूर के टिकैतराय बारादरी को हेरिटेज होटल का रूप देने की तैयारी है।

इसके लिए सरकार की ओर से तीन कैटेगरी बनाई गई हैं, जिसकी कुल प्रस्तावित न्यूनतम निवेश धनराशि 180 करोड़ रुपए है। मुख्यमंत्री के निर्देश पर पर्यटन विभाग की ओर से विरासत संपत्तियों में वेलनेस सेंटर, हेरिटेज होटल, माइस एक्टिविटी सेंटर, रिजॉर्ट, म्यूजियम, हेरिटेज रेस्टोरेंट, बुटिक रेस्टोरेंट, बैंक्वेट हॉल, वेडिंग टूरिज्म, एडवेंचर टूरिज्म, होम स्टे, थीमैटिक पार्क और अन्य टूरिज्म एवं हॉस्पिटैलिटी यूनिट का निर्माण कराया जाएगा।

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पर्यटन विभाग ने किया है पांच राज्यों का अध्ययन

सरकार की ओर से प्रस्तावित इस योजना को टूरिज्म इंडस्ट्री के दिग्गजों की ओर से भी हाथों हाथ लिया जा रहा है। प्राचीन धरोहर भवनों के एडॉप्टिव रियूज और इसमें निवेश के लिए इच्छुक मुख्य होटल ग्रुप्स में लीला होटल्स, नीमराना होटल्स, इंडियन होटल्स कंपनी (ताज होटल्स), महिन्द्रा होटल्स एंड रिजॉर्ट, ओबेरॉय होटल्स, दि एमआरएस ग्रुप एंड रिजॉर्ट, ललित होटल्स, हयात रिजेंसी, सरोवर होटल्स एंड रिजॉर्ट्स, एकोर ग्रुप, टीएचएफ होटल्स, लैंजेर होटल्स, रॉयल आर्किड होटल्स, रमाडा होटल, क्लार्क होटल, ब्रिजरमा ग्रुप्स ऑफ होटल्स शामिल हैं। इन सभी ने एक्सप्रेशन ऑफ इंटरेस्ट (ईओआई) में रुचि दिखाई है।

कुछ माह पहले ही लगभग 41 हेरिटेज उद्यमियों ने पर्यटन विभाग के अधिकारियों के साथ बैठकर प्रदेश के विरासत भवनों में अपनी रुचि प्रदर्शित की थी। वहीं पर्यटन विभाग की ओर से भी पांच राज्यों, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, कर्नाटक, केरल, ओडिशा और राजस्थान के विरासत भवनों का अध्ययन भी किया गया है।

संरक्षण के लिए मापदंड और दायित्व भी तय किये गये हैं

प्रमुख सचिव एवं महानिदेशक पर्यटन मुकेश मेश्राम के अनुसार परियोजना के लिए सफल निविदादाता का चयन गुणवत्ता और लागत प्रणाली (क्वालिटी एंड कॉस्ट बेस्ड सेलेक्शन) के आधार पर किया जाएगा। अधिकारी के अनुसार धरोहर भवनों के संरक्षण के लिए मापदंड और दायित्व भी तय किये गये हैं।

इसमें पुरातत्विक भवन का विन्यास यथावत रखने, मूल स्वरूप में कोई परिवर्तन ना करने, भवन का उपयोग उसके पौराणिक तथा ऐतिहासिक महत्व के अनुरूप किये जाने, विरासत भवन के इतिहास के संबंध में विकासकर्ता द्वारा इन्फॉमेटिक साईनेजेज की स्थापना करने

स्थानीय संस्कृति, खान-पान, कला, पोशाक, व्यंजन तथा सांस्कृतिक विधाओं का प्रदर्शन, सीएसआर के अंतर्गत चयनित विकासकर्ता द्वारा निकटवर्ती ग्रामों को अंगीकृत करते हुए विकसित किया जाएगा, इसके साथ ही 25 प्रतिशत स्थानीय नागरिकों को रोजगार प्रदान किया जाना शामिल है। नता की समस्याओं के समाधान को प्रतिबद्ध है सरकार : सीएम योगी

धन के अभाव में बाधित नहीं होगा किसी का इलाज : मुख्यमंत्री

गोरखपुर, 14 अगस्त। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार सुबह गोरखनाथ मंदिर में 300 लोगों से मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनीं। सभी को आश्वस्त किया कि जनता की समस्या के समाधान को सरकार प्रतिबद्ध है। किसी को चिंता करने की आवश्यकता नहीं है।

उन्होंने लोगों की समस्याओं से संबंधित प्रार्थना पत्र लेकर उसे अधिकारियों की इस निर्देश के साथ हस्तगत किया कि समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण और संतुष्टिपरक निस्तारण सुनिश्चित करें।

गोरखनाथ मंदिर के महंत दिग्विजयनाथ स्मृति भवन के बाहर आयोजित जनता दर्शन में सीएम योगी ने एक एक कर सभी लोगों से मुलाकात की। उनकी बात सुनी और उनके प्रार्थना पत्र लिए।

सभी को समस्या निस्तारण का भरोसा देते हुए कहा कि उनके रहते किसी की को परेशान होने की आवश्यकता नहीं है। सबकी समस्या पर प्रभावी कार्यवाही सुनिश्चित कराई जाएगी। जनता दर्शन में कई लोग गंभीर बीमारियों के इलाज में आर्थिक सहायता की गुहार लेकर पहुंचे थे।

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मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि इलाज में इस्टीमेट की प्रक्रिया को शीघ्रता से पूर्ण कर शासन को भेजें। इलाज के लिए पर्याप्त धनराशि उपलब्ध कराई जाएगी। लोगों को आश्वस्त किया कि धन के अभाव में किसी का इलाज बाधित नहीं होगा।

जनता दर्शन में कुछ महिलाओं के साथ आए उनके बच्चों को सीएम योगी ने प्यार दुलारकर आशीर्वाद देते हुए चॉकलेट गिफ्ट किया।
माननीय मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी सोमवार को गोरखपुर के गोरखनाथ मंदिर परिसर में जनता दर्शन के दौरान लोगों की समस्याओं को सुनते और उनका निस्तारण करते हुए रुद्राभिषेक कर सीएम ने की सभी नागरिकों के सुख, समृद्धि की प्रार्थना

सावन मास के छठवें सोमवार रुद्राभिषेक के बाद हवन अनुष्ठान

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प्रदेश के प्राचीन धरोहर भवनों का कायाकल्प करेगी योगी सरकार

गोरखपुर, 14 अगस्त। देवाधिदेव महादेव की आराधना के विशेष महात्म्य वाले पावन सावन मास के छठवें सोमवार को गोरक्षपीठाधीश्वर एवं मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोरखनाथ मंदिर के शक्तिपीठ में रुद्राभिषेक कर भगवान भोलेशंकर से सभी नागरिकों के जीवन में सुख, समृद्धि, शांति की प्रार्थना की।

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सोमवार प्रातः गोरखनाथ मंदिर के अपने आवास के प्रथम तल स्थित शक्तिपीठ में सीएम योगी ने भोलेनाथ को विल्व पत्र, कमल पुष्प आदि अर्पित करने कर बाद दूध, फल के रस व जल से अभिषेक किया।

मठ के मुख्य पुरोहित आचार्य रामानुज त्रिपाठी व अन्य आचार्य एवं पुरोहितगण ने शुक्ल यजुर्वेद संहिता के रुद्राष्टाध्यायी के महामंत्रों द्वारा रुद्राभिषेक का अनुष्ठान पूर्ण कराया।रुद्राभिषेक के बाद उन्होंने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच हवन व आरती की।

विधि विधान से पूर्ण हुए अनुष्ठान के उपरांत मुख्यमंत्री ने चराचर जगत के कल्याण तथा प्रदेशवासियों के आरोग्यमय, सुखमय, समृद्धमय व शांतिमय जीवन की मंगलकामना की। रुद्राभिषेक अनुष्ठान के अवसर पर गोरखनाथ मंदिर के प्रधान पुजारी योगी कमलनाथ, काशी से आए महामंडलेश्वर संतोष दास उर्फ सतुआ बाबा आदि भी उपस्थित रहे।

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