
जलडमरूमध्य को बैद कर इस मार्ग से तेल-गैस का करीब 30 फीसदी व्यापार

Iran, इजरायल घेराबंदी, पाबंदी और धमकियों के दौर के बाद आखिरकार अमेरिका और इजरायल ने Iran पर हमला बोल दिया। शनिवार सुबह दोनों देशों की सेनाओं ने कई ओर से Iran पर बमबारी शुरू कर दी। iran ने भी पलटवार किया और इजरायल सहित अमेरिका के कई सैन्य ठिकानों पर मिसाइलों की बौछार कर दी। इससे मध्यपूर्व एशिया दहल गया। iran ने रैजरायल के अलावा कुवैत, कतर, बहरीन, दुबई और सऊदी अरब में अमेरिकी बेस को निशाना बनाया। इजरायल के तेल अवीव और हाइफा में धमाकों की आवाज सुनी गई। बहरीन ने कहा कि अमेरिकी नौसेना के पांचवें बेड़े के मुख्यालय को निशाना बनाया गया। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि इन हमलों में कुछ अमेरिकी नागरिक मारे जा सकते हैं, हालांकि अमेरिकी सेना ने कहा कि हमारे सभी सैनिक सुरक्षित हैं।>>>Visit: Samadhanvan
अमेरिका और इजरायल के संयुक्त हमले के बाद उठते धुएं

इजरायली सेना ने दावा किया उन्होंने Iran के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉप्स के कमांडर जनरल मोहम्मद पाकपुर, रक्षा मंत्री अमीर नासिरजादेह और खुफिया चीफ को मार गिराया। Iran ने इसकी पुष्टि तो नहीं की मगर स्वीकार किया, उनके कुछ अधिकारी मारे गए। खामेनेई को सुरक्षित जगह भेज दिया गया है। एक बालिका विद्यालय पर हुए हमलों में 85 लोगों की मौत हो गई। Iran के 24 प्रांतों पर हुए हमलों में अब तक 201 लोगों के मारे जाने की खबर है।
दुबई के पाम जुबैरा इलाके में ड्रोन हमले से एक होटल में भीषण आग लग गई। बुर्ज खलीफा को भी खाली कराए जाने की खबर है।ईरान की राजधानी में शनिवार को अमेरिका और इजरायल के संयुक्त हमले के बाद उठते धुएं के गुबार को देखते लोग। Iran ने अपना परमाणु और अमेरिका तक मार करने में सक्षम मिसाइल बनाने की योजना बना रहा है। हमारा उद्देश्य ईरानी शासन से उत्पन्न सभी खतरों को समाप्त करके अमेरिकी जनता की रक्षा करना है।



