
मध्य प्रदेश में तीन दिवसीय कृषि मेले का रक्षा मंत्री ने किया उद्घाटन

Rajnath Singh’s ने शनिवार को कहा कि कृषि क्षेत्र के लिए और अधिक काम करने में धन की कमी बाधा नहीं बनेगी। उन्होंने कहा कि किसानों के जीवन में बदलाव लाने के लिए सरकार ने कई प्रयास किए हैं, लेकिन ये पर्याप्त नहीं हैं और अभी और काम करने की आवश्यकता है। रायसेन में आयोजित तीन दिवसीय ‘उन्नत कृषि मेला’ को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि सरकार ने किसानों की आय बढ़ाने और कृषि उत्पादकता को मजबूत करने के लिए कई योजनाएं शुरू की हैं। इनमें प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना, सॉइल हेल्थ कार्ड और थोक मंडियों का ऑनलाइन नेटवर्क शामिल है। उन्होंने कहा, इन प्रयासों से किसानों के जीवन में बदलाव आया है, लेकिन मैं मानता हूं कि यह पर्याप्त नहीं है। कृषि क्षेत्र और गांवों के लिए और काम करने की जरूरत है। धन की कमी को लेकर हम चिंतित नहीं होंगे। कि कई मंत्रालय संभालने के बावजूद उनके भीतर का किसान कभी खत्म नहीं हुआ। राजनीतिक जीवन में कृषि मंत्री भी रहा हूं। जहां भी गया, मेरे भीतर का किसान जीवित रहा है।>>>Visit: Samadhanvan
जैविक ताजे फल और सब्जियों की खरीद सीधे किसानों से हो रही

Rajnath Singh’s ने कहा कि आम तौर पर रक्षा मंत्री को सैनिकों और देश की सुरक्षा से जोड़ा जाता है, न कि कृषि से, लेकिन उनकी जिम्मेदारी देश की सुरक्षा सुनिश्चित करने के साथ-साथ किसानों के प्रति संवेदनशील रहने की भी है। किसानों के प्रति अपनी चिंता को रेखांकित करते हुए उन्होंने बताया कि रक्षा मंत्रालय ने छावनी क्षेत्रों के लिए जैविक ताजे फल और सब्जियां सीधे किसानों से खरीदना शुरू किया है। उन्होंने कहा कि पहले यह उत्पाद दूर-दराज से लाए जाते थे, जिससे उनकी ताजगी कम हो जाती थी, लेकिन अब सीधे किसानों से खरीदारी की जा रही है। इससे किसानों को बेहतर कीमत मिल रही है और सैनिकों को भी लाभ हो रहा है। उन्होंने बताया कि Rajnath Singh’s कैंटीन स्टोर विभाग के माध्यम से ज्वार और रागी जैसे ‘श्री अन्न’ और जैविक उत्पादों को बढ़ावा दे रहा है। सशस्त्र बलों में ज्वार, बाजरा और रागी के आटे को शामिल किया गया है। मप्र के रायसेन में कृषि मेले में स्टॉल का अवलोकन करते रक्षा मंत्री राजनाथ।



