हिमाचल-उत्तराखंड में 200 से ज्यादा सड़कें बंद

भारत के ऊपर बने निम्न दबाव के क्षेत्र और उत्तर भारत में पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से पहाड़ से लेकर मैदान तक मूसलाधार बारिश का दौर शुरू हो गया है। नदियों में उफान से ज्यादातर इलाके बाढ़ की चपेट में हैं, भूस्खलन होने से सड़कें बंद हैं और कई इलाकों से संपर्क कट गया है। मौसम विभाग ने अगले चार दिनों तक भारी बारिश की संभावना जताई है और 12 से अधिक राज्यों के लिए अलर्ट जारी किया है।उत्तराखंड में भारी बारिश के चलते आदि कैलाश और चीन सीमा को जोड़ने वाली तवाघाट-गुंजी सड़क दो दिन से बंद है इससे व्यास घाटी का संपर्क कटा है।
मूसलाधार बारिश से चार धाम यात्रा मार्ग पर भी दिन भर यातायात बाधित

दारमा और चौदास घाटी को जोड़ने वाली धारचूला-तवाघाट बॉर्डर रोड पर भी आठ घंटे यातायात ठप रहा। राज्य में भूस्खलन के चलते 150 से ज्यादा सड़कों पर यातायात बाधित राज्य रहा, जिसके चलते लोगों को भारी
मुश्किलों का सामना करना पड़ा। बुधवार को मूसलाधार बारिश से चार धाम यात्रा मार्ग पर भी दिन भर यातायात बाधित होता रहा। कई लिंक मार्गों के बंद होने से कई गांवों अलग-थलग पड़ गए हैं। भारी पटना में गंगा नदी का जलस्तर बढ़ने से निचले इलाकों के प्रभावित लोगों को नाव से सुरक्षित स्थानों पर ले जाया गया।
