दिल्ली देश के अन्य हिस्सों में होगी आपूर्ति जरूरतें पूरी करने के लिए पर्याप्त भंडार

प्याज की आपूर्ति बढ़ाने और कीमतें थामने के लिए महाराष्ट्र से खास रेलवे रैक कांदा एक्सप्रेस रवाना हो गई है। यह मंगलवार को दिल्ली पहुंचेगी, जहां से देश के बाकी हिस्सों तक बुधवार तक प्याज की आपूर्ति कराई जाएगी। इसके बाद केंद्र दिल्ली-एनसीआर, चेन्नई, कोलकाता व गुवाहाटी में 35 रुपये प्रति किलो की दर से सस्ता प्याज बेचना शुरू करेगा। उपभोक्ता मामलों के मंत्रालय की सचिव निधि खरे ने अमर उजाला को बताया कि कांदा एक्सप्रेस से आपूर्ति के बाद प्याज के दाम नीचे आएंगे। इसे नैफेड, एनसीसीएफ, स्टॉल और मोबाइल वाहनों की मदद से बेचा जाएगा। एक फुल रैक में 42 से 58 डिब्बे और मिनी रैक में 20 डिब्बे होते हैं, जिसमें 2,200 टन प्याज आ रहा है।
गेहूं और उसके उत्पादों के निर्यात पर रोक हटी

देश में प्याज की कृत्रिम किल्लत बनाई जा रही है, जिसे लेकर सख्ती बरती जा रही है। प्याज का मौजूदा भंडार त्योहारी जरूरतों को पूरा करने के लिए काफी है। इसलिए, उपभोक्ताओं पर प्याज की महंगाई की मार नहीं पड़ेगी। देश को हर दिन औसतन 45 हजार टन प्याज की जरूरत होती है। यानी सालभर में 1.6 से 1.7 करोड़ टन प्याज की खपत होती है। सरकार के अग्रिम अनुमानों के मुताबिक, देश में 307.37 लाख टन प्याज उत्पादन अनुमान है, जो पिछले साल के 307.67 लाख टन के लगभग बराबर है। केंद्र ने गेहूं और उससे जुड़े विभिन्न उत्पादों के निर्यात पर लगे प्रतिबंध को तत्काल प्रभाव से हटा दिया है। अब ड्यूरम किस्म सहित सभी प्रकार के गेहूं का निर्यात किया जा सकेगा। इससे पहले फरवरी में सरकार ने गेहूं के सीमित निर्यात की अनुमति दी थी। इस्मा का दावा… घटेंगे चीनी के दाम : भारतीय चीनी मिल संघ (इस्मा) के अध्यक्ष नीरज शिरगांवकर ने कहा, देश में चीनी की कमी नहीं है। शुल्क मुक्त आयात की मंजूरी के बाद आने वाले दिनों में खुदरा बाजार में चीनी के दाम घटने की उम्मीद है।
